سُورَةُ العَادِيَاتِ

Al-Aadiyaatतेज दौड़ने वाले

मक्की
11 आयतें~2 मिनट

भोर में सरपट दौड़ते, हाँफते और चिंगारियाँ छोड़ते युद्ध-घोड़ों की क़सम खाती है, ताकि अपने रब के प्रति इंसान की नाशुक्री का दोष जताए।

بِسْمِ ٱللَّهِ ٱلرَّحْمَٰنِ ٱلرَّحِيمِ

100:1

بِسْمِ ٱللَّهِ ٱلرَّحْمَٰنِ ٱلرَّحِيمِ وَٱلْعَٰدِيَٰتِ ضَبْحًۭا

साक्षी है जो हाँफते-फुँकार मारते हुए दौड़ते है,

100:2

فَٱلْمُورِيَٰتِ قَدْحًۭا

फिर ठोकरों से चिनगारियाँ निकालते है,

100:3

فَٱلْمُغِيرَٰتِ صُبْحًۭا

फिर सुबह सवेरे धावा मारते होते है,

100:4

فَأَثَرْنَ بِهِۦ نَقْعًۭا

उसमें उठाया उन्होंने गर्द-गुबार

100:5

فَوَسَطْنَ بِهِۦ جَمْعًا

और इसी हाल में वे दल में जा घुसे

100:6

إِنَّ ٱلْإِنسَٰنَ لِرَبِّهِۦ لَكَنُودٌۭ

निस्संदेह मनुष्य अपने रब का बड़ा अकृतज्ञ हैं,

100:7

وَإِنَّهُۥ عَلَىٰ ذَٰلِكَ لَشَهِيدٌۭ

और निश्चय ही वह स्वयं इसपर गवाह है!

100:8

وَإِنَّهُۥ لِحُبِّ ٱلْخَيْرِ لَشَدِيدٌ

और निश्चय ही वह धन के मोह में बड़ा दृढ़ है

100:9

۞ أَفَلَا يَعْلَمُ إِذَا بُعْثِرَ مَا فِى ٱلْقُبُورِ

तो क्या वह जानता नहीं जब उगवला लिया जाएगा तो क़ब्रों में है

100:10

وَحُصِّلَ مَا فِى ٱلصُّدُورِ

और स्पष्ट अनावृत्त कर दिया जाएगा तो कुछ सीनों में है

100:11

إِنَّ رَبَّهُم بِهِمْ يَوْمَئِذٍۢ لَّخَبِيرٌۢ

निस्संदेह उनका रब उस दिन उनकी पूरी ख़बर रखता होगा

सूरह Al-Aadiyaat के बारे में

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

सूरह Al-Aadiyaat में कितनी आयतें हैं?
सूरह Al-Aadiyaat (तेज दौड़ने वाले) कुरान का अध्याय 100 है और इसमें 11 आयतें हैं।
क्या सूरह Al-Aadiyaat मक्का में या मदीना में अवतरित हुई थी?
सूरह Al-Aadiyaat एक मक्की सूरह है, कुरान का 100वाँ अध्याय।
सूरह Al-Aadiyaat किस बारे में है?
भोर में सरपट दौड़ते, हाँफते और चिंगारियाँ छोड़ते युद्ध-घोड़ों की क़सम खाती है, ताकि अपने रब के प्रति इंसान की नाशुक्री का दोष जताए।